लाडनूँ, 23 दिसम्बर 2025। संस्थान के आचार्य कालू कन्या महाविद्यालय में उच्च माध्यमिक विद्यालयों की छात्राओं के लिए सामुहिक नृत्य प्रतियोगिता ‘सृजन 2025’ का आयोजन 23 दिसम्बर को प्राचार्य डॉ. रविंद्र सिंह राठौड़ की अध्यक्षता में किया गया। प्रतियोगिता में सुजलांचल क्षेत्र के विभिन्न उच्च माध्यमिक स्तर के विद्यालयो ने भाग लिया। प्रतियोगिता में प्रथम स्थान पर राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय मंगलपुरा रही। द्वितीय स्थान संस्कार उच्च माध्यमिक विद्यालय लाडनूं की छात्राओं ने तथा तृतीय स्थान सत्यम शिक्षण संस्थान लाडनूं की छात्राओं ने अर्जित किया। सभी विजेता विद्यालयों एवं प्रतिभागियों को विजेता ट्रॉफी एवं व्यक्तिगत प्रतीक चिह्न प्रदान किए गए।
लोक संस्कृति से जुड़ी प्रतियोगिताओं से होती हैं संकल्प शक्ति विकसित
प्रतियोगिता की मुख्य अतिथि बीदासर की निवर्तमान प्रधान व सुजानगढ़ से भाजपा प्रत्याशी श्रीमती संतोष मेघवाल ने कहा कि वर्तमान दौर में विद्यार्थियों को लोक संस्कृति से जोड़ने के हितार्थ ऐसी प्रतियोगिताएं संजीवनी का काम कर रही हैं। ये विद्यार्थियों को संकल्प साधने का अवसर प्रदान करने के साथ ही विद्यार्थी जीवन में समन्वय स्थापित करने का भी सशक्त माध्यम बनती हैं। विशिष्ट अतिथि के रूप में जैन विद्या एवं तुलनात्मक धर्म तथा दर्शन विभाग के विभागाध्यक्ष प्रो. आनंद प्रकाश त्रिपाठी थे। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए प्राचार्य डॉ. राठौड़ ने अतिथियों का परिचय एवं स्वागत वक्तव्य प्रस्तुत किया। कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि जैनविद्या एवं तुलनात्मक धर्म व दर्शन विभाग के विभागाध्यक्ष प्रो. आनंद प्रकाश त्रिपाठी ने जैन विश्वभारती विश्वविद्यालय की विशेषताओं को रेखांकित करते हुए यहां की मूल्य पर शिक्षा एवं उच्च गुणवत्ता युक्त पाठ्यक्रम पद्धति पर प्रकाश डाला। प्रतियोगिता का आगाज महाविद्यालय की छात्रा तमन्ना तंवर ने गणेश वंदना से किया। सभी अतिथियों का स्वागत शालार्पण एवं संस्थान का प्रतीक चिह्न भेंट कर किया गया। प्रतियोगिता के निर्णायक मंडल में सुजानगढ़ से मशहूर कोरियोग्राफर बशीर अहमद, जैन विश्वभारती संस्थान की कल्चर कमेटी की कोऑर्डिनेटर व अहिंसा एवं शांति विभाग की संकाय सदस्या डॉ. लिपि जैन, बचपन स्कूल लाडनूं की शिक्षिका सुश्री निहारिका स्वामी ने शामिल रहे। अंत में प्रतियोगिता संयोजिका डॉ. प्रगति भटनागर ने आभार ज्ञापित किया। कार्यक्रम का संचालन छात्रा जयश्री नाहटा जैन व विनीता कंवर ने किया।



