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खानपुर गांव व विद्यालय में ‘हरित ग्राम कार्यक्रम’ का आयोजन कर पर्यावरण चेतना जागृत की

खानपुर गांव व विद्यालय में ‘हरित ग्राम कार्यक्रम’ का आयोजन कर पर्यावरण चेतना जागृत की

लाडनूँ, 17 अप्रेल 2025। पर्यावरण संरक्षण, जल-संवर्धन, प्लास्टिक उन्मूलन और स्वच्छता के प्रति ग्रामीण समुदाय एवं विद्यार्थियों में जागरूकता फैलानने के लिए जैन विश्वभारती संस्थान के शिक्षा विभाग तथा अहिंसा एवं शांति विभाग के संयुक्त तत्वावधान में ‘हरित ग्राम कार्यक्रम’ का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम गांव खानपुर और शहीद तेज सिंह राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय, खानपुर में आयोजित किया गया। कार्यक्रम में शिक्षा विभाग की प्रतिनिधि डॉ. आभा सिंह ने कहा कि ‘हरित ग्राम’ केवल वृक्षारोपण तक सीमित नहीं है, बल्कि यह एक सतत् सोच है, जिसमें पर्यावरण के साथ सामंजस्यपूर्ण जीवन की भावना होती है। उन्होंने ग्रामीणों से प्लास्टिक का उपयोग कम करने, अधिक से अधिक पौधे लगाने और जल-संरक्षण को अपनी आदत बनाने का आह्वान किया। कुशाल जांगिड़ ने ग्रामीणों से संवाद करते हुए बताया कि गांव की हर गली, हर घर अगर स्वच्छ, हरा-भरा और जागरूक होगा, तो वह एक आदर्श ‘हरित ग्राम’ कहलाएगा। उन्होंने दैनिक जीवन में पर्यावरण हितैषी विकल्प अपनाने के सरल उपाय साझा किए। स्नेहा शर्मा ने विशेष रूप से महिलाओं और युवतियों से बात करते हुए उन्हें रसोई में जैविक अपशिष्ट का पृथक्करण, कम पानी से बर्तन धोना, कपड़े धोने में साबुन का संतुलित उपयोग आदि घरेलू स्तर पर पर्यावरण के प्रति जागरूक रहने के उपाय बताए। स्वयंसेविका खुशी जोधा ने भी ग्रामीण महिलाओं से संवाद कर उन्हें दैनिक जीवन में हरियाली बढ़ाने और कचरा प्रबंधन के बारे में बताया। अन्य स्वयंसेविकाओं ने गांव में घर-घर जाकर लोगों को ‘हरित जीवन शैली’ अपनाने के लिए प्रेरित किया और बुकलेट्स वितरित कीं, जिनमें जल संरक्षण, अपशिष्ट प्रबंधन, पर्यावरणीय कानून और व्यक्तिगत जिम्मेदारियों की जानकारी दी गई थी।

खानपुर के शहीद तेज सिंह राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय में आयोजित कार्यक्रम में विद्यार्थियों से संवाद करते हुए उन्हें पर्यावरणीय जिम्मेदारियों के प्रति प्रेरित किया गया। प्रधानाचार्य विक्रम सिंह ने कार्यक्रम में कहा कि आज के विद्यार्थी ही कल के नीति-निर्माता होंगे। अगर अभी से उन्हें पर्यावरण के प्रति संवेदनशील बनाएंगे, तो आने वाली पीढ़ियां अधिक सुरक्षित जीवन जी सकेंगी। उन्होंने कहा, यह कार्यक्रम बच्चों में पर्यावरण के प्रति गहरी चेतना जगाने वाला है। कार्यक्रम में विद्यार्थी विमलेश कुमार, रामनिवास, योगेश सैन, गौतम सरस्वत, श्रीचंद्र मील, कुंवर सिंह, सुशीला, अश्विनी राठौड़ आदि उपस्थित रहे।

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